मध्य प्रदेश में कांग्रेस ने राहुल गांधी की गिरफ्तारी के विरोध में बड़ा प्रदर्शन किया। राजधानी भोपाल में कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा परिसर में मुख्यमंत्री कक्ष के बाहर देर रात तक धरना दिया। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी भी मौके पर पहुंचे और आंदोलन कर रहे विधायकों का समर्थन किया। कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए राहुल गांधी की गिरफ्तारी का विरोध जताया।
कांग्रेस का यह प्रदर्शन दिल्ली में हुए घटनाक्रम के बाद शुरू हुआ, जहां राहुल गांधी समेत कई विपक्षी नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया था। कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि छात्रों के मुद्दों को लेकर चल रहे आंदोलन को दबाने की कोशिश की जा रही है। इसी के विरोध में मध्य प्रदेश कांग्रेस ने प्रदेशभर में धरना, रैली और विरोध प्रदर्शन आयोजित किए।
विधानसभा में धरने पर बैठे कांग्रेस विधायकों ने कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के उस बयान पर नाराजगी जताई, जिसमें छात्रों को लेकर टिप्पणी की गई थी। कांग्रेस ने मांग की कि छात्रों को देशद्रोही कहने वाले बयान पर मंत्री को सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि कांग्रेस बुधवार को विधानसभा में इस मुद्दे को जोर-शोर से उठाएगी।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने विधानसभा पहुंचकर कहा कि कांग्रेस विधायक अपने फैसले पर कायम हैं और जब तक संबंधित मंत्री माफी नहीं मांगते, तब तक विरोध जारी रहेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक जैसी घटनाओं के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए और युवाओं के हितों की अनदेखी नहीं की जा सकती।


विधानसभा में धरने के दौरान कांग्रेस विधायकों ने मुख्यमंत्री कक्ष के बाहर बैठकर विरोध जताया। कुछ विधायक फर्श पर लेट गए और नारेबाजी करते रहे। विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर और संसदीय कार्य मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने विधायकों को समझाने की कोशिश की, लेकिन कांग्रेस विधायक अपनी मांगों पर अड़े रहे।
भोपाल के अलावा प्रदेश के कई जिलों में भी कांग्रेस और एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। इंदौर, जबलपुर, कटनी, खंडवा, हरदा, शाजापुर, टीकमगढ़, रतलाम, खरगोन और अन्य शहरों में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने रैली निकालकर केंद्र सरकार के खिलाफ विरोध जताया। कई स्थानों पर धरना, नारेबाजी और सड़क पर प्रदर्शन की स्थिति बनी।
जबलपुर में एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने छात्रों के मुद्दों को लेकर प्रदर्शन किया, जबकि कुछ अन्य जिलों में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट और सार्वजनिक स्थानों पर धरना दिया। प्रदर्शन के दौरान कुछ जगह पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच बहस और धक्का-मुक्की की स्थिति भी सामने आई।
भोपाल में पहले जीतू पटवारी कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ लोकभवन के बाहर धरने पर बैठे थे। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को वहां से हटाया और कुछ कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया। इसके बाद पटवारी विधानसभा पहुंचे और वहां धरना दे रहे कांग्रेस विधायकों के साथ शामिल हो गए।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि राहुल गांधी की गिरफ्तारी और छात्रों से जुड़े मुद्दों को लेकर उनका आंदोलन जारी रहेगा। पार्टी ने सरकार से छात्रों की मांगों पर ध्यान देने और विवादित बयान देने वाले मंत्री से माफी की मांग की है। वहीं, कांग्रेस विधायक अब विधानसभा में इस मुद्दे को आगे उठाने की तैयारी कर रहे हैं।

